मनेंद्रगढ़/छत्तीसगढ़
भखार न्यूज़ नेटवर्क: ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ग्रामीण मनेंद्रगढ़ के नेतृत्व में मंगलवार को केल्हारी वन परिक्षेत्र कार्यालय का घेराव कर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया गया। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने वन विभाग पर भ्रष्टाचार, ग्रामीणों के शोषण, तेंदूपत्ता भुगतान में देरी और भालू हमले के पीड़ितों की अनदेखी जैसे गंभीर आरोप लगाए। प्रदर्शन के बाद मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा गया।

जिला कांग्रेस कमेटी एमसीबी के अध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव ने आरोप लगाया कि 60 हजार महुआ पेड़ लगाने के नाम पर बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार किया गया है। उन्होंने कहा कि ट्री गार्ड निर्माण में भी भारी अनियमितताएं सामने आई हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भालू हमले में घायल व्यक्ति को 50 हजार रुपये सहायता राशि मिलने के बजाय मात्र 1500 रुपये देकर औपचारिकता पूरी की गई।

उन्होंने वन विभाग के अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि वे “भाजपा के एजेंट” की तरह काम करना बंद करें। साथ ही कहा कि यदि तेंदूपत्ता संग्राहकों का भुगतान जल्द नहीं किया गया तो कांग्रेस मुख्यमंत्री को काला झंडा दिखाकर विरोध प्रदर्शन करेगी।
ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ग्रामीण मनेंद्रगढ़ के अध्यक्ष रामनरेश पटेल ने कहा कि भालू हमले से प्रभावित परिवारों को राहत देने के बजाय वन विभाग भ्रष्टाचार में व्यस्त है।
पूर्व विधायक गुलाब कमरो ने कहा कि गरीबों और ग्रामीणों के साथ अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार में आम जनता की सुनवाई नहीं हो रही है। उन्होंने तेंदूपत्ता का लंबित भुगतान तत्काल करने और भालू पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा देने की मांग की।

उन्होंने कहा कि वन विभाग गरीब ग्रामीणों की झोपड़ियां तोड़ने का कार्य कर रहा है, जबकि उन्हें मूलभूत सुविधाएं देने में विफल साबित हो रहा है। मजदूरों और तेंदूपत्ता संग्राहकों को समय पर भुगतान नहीं मिलने से ग्रामीण परिवार आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि मांगें जल्द पूरी नहीं हुईं तो कांग्रेस इससे बड़ा आंदोलन करेगी।
धरना प्रदर्शन में जिला उपाध्यक्ष कृष्ण मुरारी तिवारी, महिला जिला अध्यक्ष ग्रामीण निर्मला चतुर्वेदी, जिला महामंत्री रफीक मेमन, ओम प्रकाश गुप्ता, आदिवासी कांग्रेस जिला अध्यक्ष अमोल सिंह, जिला प्रवक्ता भावेश जैन, मजदूर कांग्रेस जिला अध्यक्ष मकसूद आलम, महिला कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष नीलिमा शामल सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, कार्यकर्ता और ग्रामीण मौजूद रहे।