MCB/भरतपुर
भखार न्यूज नेटवर्क: धान खरीदी सत्र शुरू हुए करीब डेढ़ माह ही बीता है, लेकिन धान खरीदी केंद्र जनकपुर,सिंगरौली,कंजिया सहित व्यवस्थाएं लड़खड़ाने लगी हैं। सहकारी समिति के पास उपलब्ध भंडारण क्षमता से कहीं अधिक धान जमा हो चुका है। स्थिति यह है कि बफर लिमिट से करीब ढाई गुना अधिक धान केंद्र में रखा हुआ है, जबकि उठाव नहीं होने के कारण पूरे परिसर में धान का जाम लग गया है।

धान खरीदी समितियों में बफर लिमिट से ढाई गुना अधिक धान की खरीदी, जगह के अभाव में बंद हो सकती है खरीदी.!
प्राप्त जानकारी के अनुसार धान खरीदी केंद्र जनकपुर की अधिकतम भंडारण क्षमता लगभग 9000 क्विंटल है, जबकि अब तक करीब कई हजार क्विंटल धान की खरीदी हो चुकी है। भारी मात्रा में धान जमा होने से केंद्र में जगह बेहद संकीर्ण हो गई है, जिससे किसानों को धान ढालने, बोरी में भरने, तौलने, रखने तथा सिलाई कराने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

इस संबंध में समिति प्रबंधक ने बताया कि धान उठाव समय पर नहीं होने के कारण यह समस्या उत्पन्न हुई है। यदि शीघ्र ही धान का उठाव नहीं हुआ तो एक-दो दिनों में केंद्र की पूरी जगह भर जाएगी, जिससे धान खरीदी बंद करनी पड़ सकती है।
केंद्र में पहले से ही धान जाम की स्थिति बनी हुई है और खरीदी प्रभावित होने लगी है। वहीं किसानों का कहना है कि इस वर्ष पहले ही रकबा घटाने-जोड़ने, एग्रीस्टैक, ऑनलाइन-ऑफलाइन टोकन व्यवस्था को लेकर वे परेशान हैं। 27 जनवरी तक ऑनलाइन टोकन कटने के बाद भी कई किसान अब तक टोकन के लिए समिति के चक्कर काट रहे हैं।
ऐसे में यदि धान का उठाव नहीं हुआ और खरीदी बंद होती है तो किसानों की परेशानी और बढ़ जाएगी। धान खरीदी व्यवस्था के ध्वस्त होने की आशंका से किसान बेहद चिंतित नजर आ रहे हैं।