14 साल की फरारी… बदलते ठिकाने… पुलिस को लगातार चकमा… लेकिन आखिरकार कानून की नजर से बच नहीं सका!
भखार न्यूज नेटवर्क: मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (एमसीबी) जिले के जनकपुर पुलिस ने अपहरण और पॉक्सो एक्ट के गंभीर मामले में 14 वर्षों से फरार चल रहे आरोपी वीर सिंह सिसोदिया उर्फ वीरू को मध्य प्रदेश के पन्ना जिले के गुन्नौर से गिरफ्तार कर लिया।

इस बड़ी कार्रवाई की कमान जनकपुर थाना प्रभारी टीआई विजय सिंह ने संभाली। सटीक सूचना, लगातार निगरानी और रणनीति के बाद पुलिस टीम ने पन्ना पहुंचकर आरोपी के ठिकाने पर दबिश दी और उसे घेराबंदी कर दबोच लिया।
14 साल से फरार… पुलिस ने आखिर खोज निकाला!
वर्ष 2012 में जनकपुर थाने में एक नाबालिग बालिका के बहला-फुसलाकर अपहरण किए जाने की रिपोर्ट दर्ज हुई थी। जांच के दौरान बालिका को 27 नवंबर 2014 को बरामद किया गया।
पुलिस के अनुसार, बालिका के बयान के आधार पर आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म सहित गंभीर धाराएं और पॉक्सो एक्ट की धाराएं जोड़ी गईं। इसके बाद से आरोपी लगातार फरार चल रहा था।
पन्ना में लोकेशन मिली और पुलिस ने बिछाया जाल
फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर जनकपुर पुलिस लगातार काम कर रही थी। इसी दौरान पुलिस को आरोपी के गुन्नौर, जिला पन्ना में होने की सूचना मिली।
सूचना मिलते ही TI विजय सिंह के नेतृत्व में विशेष टीम मध्य प्रदेश रवाना हुई। टीम ने मौके पर पहुंचकर दबिश दी और घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
कोर्ट में पेशी के बाद जेल
गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से रिमांड मिलने के बाद उसे उपजेल मनेंद्रगढ़ दाखिल करा दिया गया।
इनकी मेहनत लाई रंग
इस कार्रवाई में TI विजय सिंह के साथ प्रधान आरक्षक संदीप बागिस (228) और प्रधान आरक्षक संजय कुमार पाण्डेय (57) की भूमिका महत्वपूर्ण रही।
14 साल तक फरारी का खेल चला… लेकिन जनकपुर पुलिस ने आखिरकार कर दिया हिसाब!
खाकी की नजर से बचना मुश्किल है—देर हो सकती है, लेकिन कानून की पकड़ से बचना आसान नहीं।